वाराणसी नशा मुक्ति केंद्र युवक की मौत: नशा मुक्ति केंद्र में युवक की संदिग्ध मौत; शरीर पर चोट के निशान, परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, मां के साथ की थी मारपीट (Varanasi Nasha Mukti Kendra Death)
Varanasi Nasha Mukti Kendra Death: सारनाथ के जन सुधार नशा मुक्ति केंद्र में युवक आदित्य गोस्वामी की संदिग्ध मौत। शरीर पर मिले चोट के निशान, परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप। पुलिस जांच में जुटी।
वाराणसी, उत्तर प्रदेश: वाराणसी के सारनाथ क्षेत्र स्थित 'जन सुधार नशा मुक्ति केंद्र' (बुद्धा सिटी कॉलोनी) में शुक्रवार को एक 27 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने केंद्र संचालकों पर बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया है। युवक के शरीर पर चोट के गहरे निशान पाए गए हैं, जबकि केंद्र प्रबंधन इसे हादसे और हार्ट अटैक का रूप दे रहा है।
वाराणसी नशा मुक्ति केंद्र युवक की मौत के बाद परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
क्या है पूरा मामला?
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मृतक की पहचान: आदित्य गोस्वामी (27), निवासी अशोक पुरम कॉलोनी, मीरापुर बसही (थाना शिवपुर)।
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भर्ती की वजह: परिजनों के अनुसार, आदित्य शराब और गांजे का लती था। नशे की लत के कारण उसने अपनी मां प्रतिभा गोस्वामी के साथ मारपीट की थी, जिसके बाद 27 दिसंबर को उसे सुधार के लिए नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया गया था।
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परिजनों का आरोप: मां प्रतिभा गोस्वामी ने बताया कि सुबह केंद्र से फोन आया कि आदित्य को हार्ट अटैक आया है, लेकिन जब वे वहां पहुंचे तो उसके आंख के पास, पैर और पूरे शरीर पर चोट के निशान थे। परिजनों का दावा है कि उसे बुरी तरह मारा-पीटा गया है।
नशा मुक्ति केंद्र का पक्ष
केंद्र की काउंसलर पूजा मौर्या और अन्य कर्मचारियों का कहना है कि आदित्य ने 29 दिसंबर को भागने का प्रयास किया था।
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दावा: वह सबको कमरे में बंद कर छत से कूद गया था, जिससे उसे चोटें आई थीं और उसका इलाज चल रहा था।
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घटनाक्रम: शुक्रवार सुबह 7:30 बजे वह स्नान करके सो गया। नाश्ते के लिए जगाने पर जब उसने कोई जवाब नहीं दिया, तो उसे निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस की जांच और कार्रवाई
थानाध्यक्ष पंकज कुमार त्रिपाठी ने बताया कि मृतक की मां की तहरीर पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है।
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पोस्टमार्टम: पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का वास्तविक कारण (हार्ट अटैक या चोट) स्पष्ट हो सकेगा।
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केंद्र का विवरण: 'जन सुधार नशा मुक्ति केंद्र' का संचालन चंदौली निवासी युवराज सिंह करते हैं और यह पिछले दो वर्षों से सारनाथ क्षेत्र में चल रहा है। पुलिस अब केंद्र के सीसीटीवी फुटेज और अन्य दस्तावेजों की भी जांच कर रही है।