अयोध्या: राम मंदिर शिखर के लिए तैयार ध्वज क्यों वापस भेजे गए? ट्रायल में अधिक मिला वजन, 25 नवंबर को पीएम मोदी का विशेष कार्यक्रम
अयोध्या राम मंदिर में 25 नवंबर को ध्वजारोहण से पहले शिखर के ध्वज वापस भेजे गए। ट्रायल में वजन अधिक होने के कारण ट्रस्ट ने संशोधन के निर्देश दिए। पीएम मोदी भी रहेंगे मौजूद।
अयोध्या: उत्तर प्रदेश के अयोध्या स्थित श्रीराम मंदिर में 25 नवंबर को होने वाले ध्वजारोहण समारोह की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इसी बीच, मंदिर के शिखर पर फहराए जाने वाले तीन विशेष ध्वजों को वापस लौटाए जाने की खबर सामने आई है।
ट्रायल के दौरान इन ध्वजों का वजन अधिक पाया गया, जिसके कारण हवा में फहराने में तकनीकी बाधा आ रही थी। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने ध्वजों के निर्माणकर्ताओं को आवश्यक सुधार और वजन कम करने के निर्देश दिए हैं।
25 नवंबर को है ध्वजारोहण का शुभ मुहूर्त
मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने जानकारी दी कि ध्वजारोहण के लिए शुभ मुहूर्त 25 नवंबर को सुबह 11:58 बजे से दोपहर 1:00 बजे के बीच तय किया गया है।
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समस्या: सूत्रों के अनुसार, अहमदाबाद सहित देश के कई अन्य हिस्सों में तैयार किए गए इन ध्वजों को ध्वजारोहण के ट्रायल के दौरान शिखर पर लगाया गया था। लेकिन वजन अधिक होने के कारण ये ध्वज हवा में ठीक से लहरा नहीं पा रहे थे।
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संशोधन: ट्रस्ट चाहता है कि 25 नवंबर से पहले सुधारे गए ध्वज वापस अयोध्या पहुँच जाएँ, ताकि दोबारा ट्रायल कर यह सुनिश्चित किया जा सके कि मुख्य समारोह के दिन किसी प्रकार की तकनीकी समस्या न हो।
???????? पीएम मोदी रहेंगे 4 घंटे अयोध्या धाम में
नृपेंद्र मिश्र के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अयोध्या धाम में लगभग चार घंटे तक प्रवास करेंगे। इस दौरान उनका कार्यक्रम बेहद विशेष और आध्यात्मिक रूप से महत्वपूर्ण रहेगा:
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सप्त ऋषियों का मंदिर: प्रधानमंत्री सबसे पहले सप्त ऋषियों के मंदिर में दर्शन और प्रार्थना करेंगे।
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शेषावतार मंदिर: इसके बाद वह शेषावतार मंदिर जाएंगे।
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मुख्य समारोह: अंत में, वह मुख्य मंदिर परिसर के कार्यक्रम में भाग लेंगे, जहाँ ध्वजारोहण उनके संबोधन से पहले आयोजित होगा।
ध्वजारोहण का मॉक ड्रिल पहले ही किया जा चुका है, और संकेत हैं कि एक ट्रायल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में भी किया जाएगा।
7000 आमंत्रित अतिथि
नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि 25 नवंबर के कार्यक्रम में करीब 7000 आमंत्रित अतिथि शामिल होंगे। अतिथियों की पुलिस विभाग द्वारा की जाने वाली प्रारंभिक सुरक्षा जांच पूरी हो चुकी है। कार्यक्रम की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है ताकि यह पवित्र आयोजन बिना किसी व्यवधान के संपन्न हो सके।