अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव कुरुक्षेत्र: PM मोदी की प्रेरणा से गीता जयंती बना अंतर्राष्ट्रीय उत्सव; CM सैनी बोले- 'हर स्कूल के बस्ते में हो गीता', 21 हजार छात्रों ने किया वैश्विक गीता पाठ
Antarrashtriya Gita Mahotsav Kurukshetra: सीएम नायब सिंह सैनी ने कुरुक्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव का शुभारंभ किया। 21 हजार छात्रों ने वैश्विक गीता पाठ किया। पीएम मोदी की प्रेरणा से बना अंतरराष्ट्रीय उत्सव।
कुरुक्षेत्र, हरियाणा: अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव के तहत सोमवार को धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र के केशव पार्क में भव्य और ऐतिहासिक वैश्विक गीता पाठ आयोजित किया गया। इस सामूहिक पाठ में 21 हजार बच्चों ने एक स्वर में गीता के श्लोकों का उच्चारण कर पूरे वातावरण को ज्ञान, भक्ति और अध्यात्म से सराबोर कर दिया।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस मौके पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ही प्रेरणा से हम गीता जयंती समारोह को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मनाते हैं। उन्होंने कहा कि "गीता ऐसा धर्म ग्रंथ है, जिसका संदेश लोगों की जीवन शैली को संतुलित रखता है" और "हर स्कूल के बस्ते में गीता होनी चाहिए।"
कुरुक्षेत्र से पूरे विश्व में गूंजा गीता पाठ
मुख्यमंत्री सैनी ने बताया कि 5163 वर्ष पूर्व इसी शुभ तिथि पर भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को श्रीमद्भगवद् गीता का दिव्य उपदेश दिया था।
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वैश्विक सहभागिता: आज 21 हजार विद्यार्थियों द्वारा अष्टादशी श्लोकों के जाप से आकाश गूंज उठा। यह गर्व की बात है कि भारत के विभिन्न क्षेत्रों के अलावा 50 से ज्यादा देशों में भी लाखों लोग एक साथ इन श्लोकों के स्वर सुन रहे थे।
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वैज्ञानिक महत्व: सीएम सैनी ने कहा कि गीता पाठ का महत्व केवल धार्मिक नहीं, बल्कि वैज्ञानिक भी है, क्योंकि इसके मंत्रों के उच्चारण से उत्पन्न होने वाली सकारात्मक ध्वनि तरंगें मन और मस्तिष्क को शांति प्रदान करती हैं।
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PM मोदी का विजन: उन्होंने याद दिलाया कि पीएम मोदी ने वर्ष 2014 में अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बराक ओबामा को महादेव देसाई द्वारा लिखित 'The Gita According to Gandhi' भेंट की थी, जिसके बाद से यह समारोह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मनाया जाने लगा।
गीता का उपदेश: कर्तव्य पालन और कर्म योग
योग गुरु बाबा रामदेव ने कहा कि गीता स्थली कुरुक्षेत्र से पूरे विश्व को ज्ञान और संस्कार मिल रहा है।
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कर्तव्य पालन: मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया 'कर्मण्येवाधिकारस्ते' का उपदेश व्यक्ति को कर्तव्य पालन के मार्ग पर अग्रसर करता है।
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आदर्श समाज: उन्होंने कहा कि यदि समाज का प्रत्येक व्यक्ति इस सिद्धांत को अपने जीवन में उतार ले, तो समाज में अनुशासन, समरसता और संतुलन स्वतः स्थापित हो जाएगा।
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विकास: रामदेव ने कहा कि पवित्र ग्रंथ गीता में विरासत, विकास, ज्ञान और आधुनिक विज्ञान का मार्ग मिलता है।
युवाओं को सुसंस्कार देने की पहल
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गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद महाराज ने कहा कि यह ग्रंथ कर्म करने का संदेश देता है और युवा पीढ़ी को चरित्र, आत्मविश्वास और कैरियर को आगे बढ़ाने का मार्ग मिलता है।
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सीएम की सौगात: सीएम सैनी ने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के पॉलिटेक्निक कॉलेज का नाम बदलकर गुरु तेग बहादुर जी के नाम पर रखने और यमुनानगर में मेडिकल कॉलेज बनाने की भी बात कही।
मुख्यमंत्री ने युवाओं को गीता के उपदेशों को अपने जीवन में धारण करने और इसे दूसरों तक पहुंचाने का संकल्प दिलवाया।