गाजीपुर पत्नी की चिता अंतिम विदाई: आंखों के सामने थी पत्नी की चिता, एंबुलेंस में बैठे पति ने बेटी को गले लगाकर दी अंतिम विदाई; मुखाग्नि भी नहीं दे पाया

Gazipur Patni Ki Chita Antim Vidaai: पत्नी पूनम पांडे की मौत के बाद, घायल पति अरुण पांडे को ट्रामा सेंटर से एंबुलेंस में श्मशान घाट लाया गया। एंबुलेंस में बैठकर बेटी को गले लगाकर दी अंतिम विदाई।

Nov 30, 2025 - 17:38
 0
गाजीपुर पत्नी की चिता अंतिम विदाई: आंखों के सामने थी पत्नी की चिता, एंबुलेंस में बैठे पति ने बेटी को गले लगाकर दी अंतिम विदाई; मुखाग्नि भी नहीं दे पाया

गाजीपुर, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के एक श्मशान घाट से एक बेहद मार्मिक और हृदय विदारक दृश्य सामने आया है। सड़क दुर्घटना में पत्नी पूनम पांडे की मौत के बाद, गंभीर रूप से घायल पति अरुण पांडे को वाराणसी के ट्रामा सेंटर से एंबुलेंस में बैठाकर अंतिम विदाई के लिए लाया गया। गंभीर चोटों के कारण वह एंबुलेंस से उतर नहीं पाए और नम आंखों से पत्नी की जलती हुई चिता को निहारते रहे।

अरुण पांडे ने एंबुलेंस में ही अपनी 8 साल की बेटी आराध्या उर्फ परी को गले लगाकर पत्नी को अंतिम विदाई दी। जिसने भी यह दृश्य देखा, उनकी आंखें भर आईं।


रूटीन चेकअप से लौटते वक्त हुआ हादसा

  • घटना: 27 नवंबर को कोतवाली इलाके के सुखदेवपुर चौराहे पर अरुण पांडे अपनी गर्भवती पत्नी पूनम पांडे को जिला अस्पताल में रूटीन चेकअप के लिए ले गए थे। डॉक्टर को दिखाकर और दवा लेकर वे वापस अपने घर सुहवल लौट रहे थे।

  • दुर्घटना: इसी दौरान उनकी बाइक की टक्कर एक अनियंत्रित ट्रक से हो गई। बाइक पलट गई और ट्रक के अगले हिस्से ने पूनम को कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।

  • पति गंभीर घायल: पति अरुण पांडे गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्हें पहले मेडिकल कॉलेज गाजीपुर और फिर ट्रामा सेंटर वाराणसी रेफर किया गया।


आखिरी बार देखने की जिद

पत्नी की मौत की जानकारी मिलने के बाद अरुण पांडे पूरी तरह टूट गए। उन्होंने आखिरी बार पत्नी को देखने की इच्छा जताई।

  • अंतिम विदाई: गंभीर रूप से घायल होने के कारण डॉक्टर उन्हें इजाजत नहीं दे रहे थे, लेकिन बार-बार रिक्वेस्ट करने पर उन्हें ट्रामा सेंटर वाराणसी से एंबुलेंस के जरिए गाजीपुर के श्मशान घाट पर लाया गया।

  • मासूम बेटी: अरुण एंबुलेंस में अपनी बेटी आराध्या को गले लगाए बैठे रहे, जबकि पूनम को मुख़ाग्नि छोटे भाई (मृतिका के जेठ) सतीश पांडे ने दी।

इस दुर्घटना ने एक हंसते-खेलते परिवार को पल भर में तोड़ दिया। मां का साया सिर से उठने पर बेटी आराध्या और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।