आगरा डॉक्टर पीयूष आत्महत्या: "जिसके कारण बेटे की मौत हुई, आज उसकी शादी है…", डॉक्टर पीयूष के पिता का छलका दर्द; 'पुलिस मदद करती तो बच जाती जान'
Agra Doctor Piyush Aatmhatya: डॉक्टर पीयूष के पिता का छलका दर्द। बोले- जिस लड़की की धमकी से बेटे ने जान दी, आज उसकी शादी है। पुलिस ने समय पर कार्रवाई नहीं की।
आगरा, उत्तर प्रदेश: आगरा के कमला नगर में 31 वर्षीय डॉक्टर पीयूष की आत्महत्या ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। सुसाइड नोट में गोरखपुर की एक युवती और उसके परिजनों पर गंभीर आरोप लगाने के बाद, मृतक के पिता महिपाल सिंह (बिजली विभाग के रिटायर्ड कर्मचारी) का दर्द छलका है। पिता ने आरोप लगाया है कि धमकियों से तंग आकर उनके बेटे ने जान दी है और अगर पुलिस ने समय रहते कार्रवाई की होती, तो आज उनका बेटा जिंदा होता।
बेटे की मौत के दिन ही थी युवती की शादी
पिता महिपाल सिंह ने एक स्थानीय न्यूज़पेपर से बातचीत में दिल दहला देने वाला खुलासा किया।
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दर्दनाक संयोग: उन्होंने बताया कि जिस लड़की और उसके परिवार की धमकियों के कारण उनके बेटे ने जान दी, आज यानी 25 नवंबर को उसकी शादी है।
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मर्डर का आरोप: महिपाल सिंह ने साफ लफ्ज़ों में कहा, "मेरा बेटा सुसाइड केस नहीं, बल्कि मर्डर केस है।"
'तुम्हारे घर पर बुलडोजर चलवाएंगे' की धमकी
डॉक्टर पीयूष और गोरखपुर की युवती के बीच स्नैपचैट के जरिए 3 साल से अफेयर था। लेकिन युवती के परिवार वालों ने शादी से इनकार कर दिया और लगातार डॉ. पीयूष को धमकाना शुरू कर दिया।
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धमकियाँ: पीयूष के पिता के अनुसार, लड़की के पिता और भाई फोन पर कहते थे— "तुम्हें रेप और किडनैपिंग के चार्ज में फंसाएंगे। तुम्हारे घर पर बुलडोजर चलवाएंगे। तुम्हें तो आगरा से ही उठवा लेंगे।"
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पुलिस कनेक्शन का डर: सुसाइड नोट में भी डॉ. पीयूष ने लिखा कि ये लोग उनकी मौत के जिम्मेदार हैं और उन्हें गोरखपुर पुलिस कनेक्शन के जरिए भी धमकी मिली थी।
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डिप्रेशन: लगातार मिल रही इन धमकियों से डॉ. पीयूष गहरे डिप्रेशन में चले गए थे।
पुलिस पर लापरवाही का आरोप
पिता महिपाल सिंह का आरोप है कि पुलिस की लापरवाही ने ही उनके बेटे की जान ली।
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शिकायत: पीयूष ने आत्महत्या से 4 दिन पहले ही थाना कमला नगर इंचार्ज को शिकायत दी थी कि युवती के परिजन उसे परेशान कर रहे हैं।
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कार्रवाई का अभाव: पिता ने कहा, "मगर तब इसे लेकर कोई एक्शन नहीं लिया गया। बस मेरा बेटा इस कदर टूटा कि उसने जान ही दे दी।"
22 नवंबर की रात को लिखे सुसाइड नोट में डॉ. पीयूष ने युवती और उसके परिजनों के नाम, फोन नंबर के साथ लिखते हुए उन्हें अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस अब सुसाइड नोट में लिखे तथ्यों और लापरवाही के आरोपों की जांच कर रही है।